Showing posts with label *उजाला. Show all posts
Showing posts with label *उजाला. Show all posts

Wednesday, June 21, 2023

अट्टालिकाएँ

अट्टालिकाएँ
चुराती हैं उजाला
खपरैलों का

-श्याम खरे

Thursday, February 23, 2023

रात ने मारा

रात ने मारा
चाँद के घर छापा
मिला प्रकाश

-अलंकार आच्छा

Wednesday, August 10, 2022

अँधेरा बड़ा

अँधेरा बड़ा
या उजाला बड़ा है?
प्रश्न कड़ा है
-सुरेश गुप्त ‘सीकर’
(हाइकु कोश)

अँधेरा नहीं

अँधेरा नहीं
उजाला डराता है 
चोर मन को
-अर्बुदा पाल
(हाइकु कोश)